वॉशिंगटन से आई एक चौंकाने वाली खबर ने दुनिया को हिला दिया। केंटकी स्थित लुइसविले मुहम्मद अली इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ान भरने के कुछ मिनट के अंदर ही एक UPS कार्गो विमान हादसे का शिकार हो गया। तेज धमाके के बाद प्लेन बुरी तरह जल उठा और देखते ही देखते आग का विशाल गोला बन गया। सोशल मीडिया पर इस घटना के वायरल हुए वीडियो में आसमान में उठता काला धुआं और घटनास्थल की अफरा-तफरी साफ दिखाई दी।
कैसे हुआ हादसा?
अधिकारियों के मुताबिक, UPS फ्लाइट 2976 (McDonnell Douglas MD-11F) ने 4 नवंबर की शाम करीब 5:15 बजे (स्थानीय समय) लुइसविले से उड़ान भरी थी। कुछ ही समय बाद विमान क्रैश हो गया।
विमान लुइसविले से होनोलूलू के लिए रवाना हुआ था। उड़ान के तुरंत बाद ही यह नियंत्रण खो बैठा और जमीन से टकराते ही उसमें आग लग गई। हादसा इतने बड़े स्तर पर हुआ कि हवाई क्षेत्र को तुरंत बंद करना पड़ा और आसपास रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने का निर्देश दिया गया।
मौके पर अफरा-तफरी, लगी भीषण आग
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में दुर्घटनास्थल के दक्षिण हिस्से में Fern Valley और Grade Lane इलाके के पास काले धुएं के बड़े बादल दिखाई दिए। वीडियो में आग की लपटें और तेजी से घटनास्थल की ओर दौड़ती आपातकालीन टीमें नजर आती हैं।
कुछ लोग घायल – पुलिस ने दी जानकारी
लुइसविले मेट्रो पुलिस डिपार्टमेंट ने बताया कि हादसे में कुछ लोगों के घायल होने की जानकारी मिली है। पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि मौके पर आग और मलबा फैला हुआ है और लोगों से दूर रहने की अपील की गई है।
UPS का मुख्यालय यहीं
इस इंटरनेशनल एयरपोर्ट की अहमियत इसलिए भी ज्यादा है क्योंकि यहीं स्थित है UPS Worldport, जो कंपनी का ग्लोबल एयर कार्गो ऑपरेशन सेंटर है। यहीं पर UPS की सबसे बड़ी पैकेज हैंडलिंग सुविधा मौजूद है।
हादसे का शिकार हुआ McDonnell Douglas MD-11F विमान वर्ष 1991 में निर्मित किया गया था। इसकी उम्र को देखते हुए हादसे के कारणों पर जांच और भी तेज हो गई है।
हवाई क्षेत्र बंद – बचाव अभियान जारी
जैसे ही हादसे की खबर फैली, केंटकी के गवर्नर एंडी बेशियर ने भी X पर पोस्ट कर जानकारी साझा की। उन्होंने लिखा—
“प्राथमिक प्रतिक्रिया दल मौके पर मौजूद हैं। जैसे-जैसे जानकारी मिलेगी, हम साझा करेंगे। पायलटों, क्रू और प्रभावित लोगों के लिए प्रार्थना करें।”
एयरपोर्ट प्रशासन ने भी पुष्टि की कि यह विमान दुर्घटना में शामिल था और बचाव कार्य पूरा होने तक हवाई क्षेत्र को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है।
जांच जारी
फिलहाल हादसे की वजहों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। माना जा रहा है कि तकनीकी खराबी या उड़ान के तुरंत बाद नियंत्रण खोना बड़ा कारण हो सकता है। राष्ट्रीय विमानन एजेंसियां इसकी जांच में जुड़ चुकी हैं।
लोगों में इस भयानक दुर्घटना का डर साफ देखने को मिल रहा है। शुरुआती रिपोर्ट्स में किसी की मौत का आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन चोटें और गंभीर नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
अस्वीकरण: इस लेख में दी गई जानकारी इंटरनेट पर उपलब्ध सार्वजनिक स्रोतों से एकत्रित की गई है। पाठकों से अनुरोध है कि वे इस जानकारी को उपलब्ध स्रोतों से सत्यापित करें।








