IndiGo Flight Cancellations: भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने गुरुवार (5 दिसंबर) को ऐसा रिकॉर्ड बनाया जिसे कंपनी खुद भी नहीं दोहराना चाहेगी। एयरलाइन ने एक ही दिन में 550 से ज्यादा इंटरनेशनल और डोमेस्टिक फ्लाइट्स कैंसिल कर दीं। इससे हजारों यात्रियों का ट्रैवल प्लान ध्वस्त हो गया। कंपनी के 20 साल के इतिहास में यह एक दिन में फ्लाइट कैंसिलेशन का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
सबसे ज्यादा रद्द उड़ानें दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुईं, जहां लगभग 172 फ्लाइट्स नहीं उड़ सकीं। मुंबई में 118, बेंगलुरु में 100, हैदराबाद में 75, कोलकाता में 35, चेन्नई में 26 और गोवा में 11 फ्लाइट्स कैंसिल हुईं। बाकी शहरों में भी कई उड़ानें नहीं चल पाईं, जिससे यात्रियों में भारी नाराजगी देखने को मिली।
DGCA ने स्थिति पर गंभीर चिंता जताते हुए कहा, “इंडिगो में रद्द उड़ानें तेज़ी से बढ़कर प्रतिदिन लगभग 170–200 तक पहुंच गई हैं, जो सामान्य से काफी ज्यादा है।” इसी वजह से छह बड़े एयरपोर्ट—दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, कोलकाता, बेंगलुरु और हैदराबाद—की संयुक्त समयपालन दर (On-time Performance) बुधवार को गिरकर सिर्फ 19.7% रह गई। जबकि 2 दिसंबर को यह 35% थी।
आखिर इंडिगो में इतनी बड़ी गड़बड़ी क्यों?
समय पर उड़ानें चलाने के लिए मशहूर इंडिगो के मैनेजमेंट को लेकर अब बड़े सवाल उठ रहे हैं। वजह है—एयरलाइन के क्रू और पायलटों की भारी कमी।
दरअसल, DGCA द्वारा लागू किए गए नए Flight Duty Time Limitation (FDTL) नियमों ने एयरलाइंस के संचालन पर बड़ा असर डाला है। नए नियमों के तहत:
पायलटों का साप्ताहिक आराम समय बढ़ा दिया गया है
रात में लैंडिंग की संख्या कम कर दी गई है
सुरक्षा बढ़ाने के लिए ड्यूटी आवर्स पर सख्ती की गई है
इन्हीं बदलावों की वजह से इंडिगो का शेड्यूल असंतुलित हो गया। DGCA ने बताया कि वह इन नियमों पर इंडिगो की मांग के बाद पुनः समीक्षा करेगा। गुरुवार को DGCA की टीम ने दिल्ली एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 का भी निरीक्षण किया, जहां इंडिगो का सबसे बड़ा ऑपरेशन चलता है।
इंडिगो का माफीनामा वायरल
लगातार दो दिनों की उथल-पुथल के बाद एयरलाइन ने बयान जारी कर यात्रियों से माफी मांगी। कंपनी ने कहा कि वह सभी यात्रियों को शेड्यूल में बदलाव की जानकारी दे रही है और सभी से कहा गया है कि वे अपनी यात्रा से पहले लेटेस्ट अपडेट जरूर चेक करें।
इंडिगो के CEO पीटर एल्बर्ट का माफीनामा सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। उन्होंने स्वीकार किया कि पिछले दिनों कंपनी यात्रियों से किए वादे पर खरी नहीं उतर सकी। उन्होंने कहा:
“तकनीकी दिक्कतें, शेड्यूल में बार-बार बदलाव, खराब मौसम, एयरपोर्ट्स पर बढ़ती भीड़ और नए FDTL नियम—इन सभी ने मिलकर हमारे ऑपरेशन्स पर भारी असर डाला है।”
इंडिगो ने DGCA को यह भी बताया कि स्थिति अगले साल फरवरी तक सामान्य हो जाएगी। साथ ही कंपनी ने A320 विमानों के संचालन में अस्थायी रूप से FDTL नियमों में छूट की मांग भी की है।
केंद्रीय मंत्री की सख्त चेतावनी
हालात गंभीर होते देख सिविल एविएशन मंत्री के. राममोहन नायडू ने गुरुवार को हाई-लेवल मीटिंग बुलाई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि इंडिगो ने स्थिति को सही तरीके से हैंडल नहीं किया है, और एयरलाइन को किराया बढ़ाने से सख्त मना कर दिया।
मंत्री ने AAI और DGCA को निर्देश दिया कि वे हालात पर लगातार नजर रखें और सभी एयरपोर्ट डायरेक्टर्स सुनिश्चित करें कि फंसे हुए यात्रियों को खाने-पीने, रीबुकिंग और सहायता में कोई परेशानी न हो।
उन्होंने X पर लिखा,
“मैंने DGCA और मंत्रालय के अधिकारियों को इंडिगो की स्थिति पर कड़ी नजर रखने को कहा है। यात्रियों को हर संभव मदद मिलनी चाहिए और एयरलाइन को जल्द से जल्द ऑपरेशन्स सामान्य करना होगा।”
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