दिग्गज कारोबारी एलन मस्क ने एक बार फिर दुनिया को चौंका दिया है। मस्क ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की है कि उनकी दो बड़ी कंपनियां, टेस्ला (Tesla) और xAI, मिलकर एक क्रांतिकारी प्रोजेक्ट पर काम कर रही हैं, जिसे ‘डिजिटल ऑप्टिमस’ (Digital Optimus) नाम दिया गया है। इसे ‘मैक्रोहार्ड’ (Macrohard) के नाम से भी जाना जा रहा है, जो सीधे तौर पर माइक्रोसॉफ्ट जैसी बड़ी कंपनियों को चुनौती देने की तैयारी है।
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क्या है डिजिटल ऑप्टिमस और कैसे करेगा काम?
मस्क के मुताबिक, यह प्रोजेक्ट एक ऐसा एआई एजेंट तैयार करेगा जो कंप्यूटर को नियंत्रित करने में सक्षम होगा। इसमें xAI का चर्चित Grok लार्ज लैंग्वेज मॉडल एक ‘मास्टर नेविगेटर’ की तरह काम करेगा, जिसके पास दुनिया की गहरी समझ होगी। वहीं, टेस्ला द्वारा विकसित एआई सिस्टम वास्तविक समय में स्क्रीन वीडियो और कीबोर्ड-माउस की गतिविधियों को प्रोसेस करेगा।
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मस्क ने इस तकनीक की तुलना इंसानी दिमाग के काम करने के तरीके से की है। इसमें टेस्ला का हिस्सा तेजी से प्रतिक्रिया देने वाला (सिस्टम 1) होगा, जबकि Grok जटिल सोच और तर्क (सिस्टम 2) को संभालेगा। यह पूरा सिस्टम टेस्ला की AI4 चिप पर चलेगा, जिसकी कीमत लगभग 650 डॉलर बताई जा रही है। मस्क का दावा है कि यह दुनिया का इकलौता रियल-टाइम स्मार्ट एआई सिस्टम होगा जो पूरी कंपनियों के कामकाज की नकल कर सकेगा।
अपने ही पुराने बयान से पलटे मस्क
इस घोषणा ने सबको हैरान इसलिए किया है क्योंकि सितंबर 2024 में मस्क ने खुद कहा था कि टेस्ला को xAI से कुछ भी लेने की जरूरत नहीं है। उस वक्त उन्होंने तर्क दिया था कि टेस्ला का अपना एआई सिस्टम बहुत बड़ा है और xAI के मॉडल्स टेस्ला की कारों में चलने के लिए काफी भारी हैं। लेकिन अब ‘डिजिटल ऑप्टिमस’ के एलान ने उनके उस पुराने दावे पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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जानकारों का मानना है कि मस्क का यह यू-टर्न उनके लिए कानूनी मुश्किलें खड़ी कर सकता है। टेस्ला के शेयरधारक पहले ही उन पर मुकदमा कर चुके हैं। उनका आरोप है कि मस्क ने टेस्ला के संसाधनों और टैलेंट का इस्तेमाल अपनी निजी कंपनी xAI को खड़ा करने के लिए किया है। अब जब दोनों कंपनियां मिलकर काम कर रही हैं, तो शेयरधारकों का पक्ष और मजबूत हो गया है कि xAI असल में टेस्ला के हितों से टकरा रही है।
अदालती कार्रवाई और भारी भरकम निवेश
यह विवाद तब और गहरा गया जब हाल ही में टेस्ला ने xAI में 2 बिलियन डॉलर का निवेश किया। शेयरधारकों का कहना है कि जिस तकनीक को टेस्ला के अंदर ही विकसित किया जाना चाहिए था, उसके लिए अब टेस्ला को मस्क की ही दूसरी कंपनी को भारी भुगतान करना पड़ रहा है। जनवरी 2026 में xAI के अधिकारियों ने भी संकेत दिए थे कि उनका लक्ष्य टेस्ला के ‘ऑप्टिमस’ जैसे रोबोट्स को पावर देना है।
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फरवरी में स्पेसएक्स (SpaceX) द्वारा xAI के अधिग्रहण के बाद अब यह पूरा मामला और भी उलझ गया है। मस्क जहाँ एक ओर इसे तकनीक की दुनिया में बड़ी क्रांति बता रहे हैं, वहीं दूसरी ओर टेस्ला के निवेशकों को लगता है कि उनके साथ नाइंसाफी हो रही है।
क्या होगा भविष्य?
एलन मस्क हमेशा से ही अपने बड़े वादों के लिए जाने जाते हैं। ‘मैक्रोहार्ड’ जैसे नाम रखकर उन्होंने तकनीकी जगत में हलचल तो पैदा कर दी है, लेकिन अब सबकी नजरें डेलावेयर की अदालत पर टिकी हैं। अगर अदालत शेयरधारकों के पक्ष में फैसला सुनाती है, तो मस्क को xAI में अपनी हिस्सेदारी टेस्ला को सौंपनी पड़ सकती है। फिलहाल, ‘डिजिटल ऑप्टिमस’ तकनीक की दुनिया में एक नई बहस छेड़ चुका है कि क्या वास्तव में एक एआई सिस्टम पूरी कंपनी का काम संभाल पाएगा?
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