नई दिल्ली: भारतीय महिला क्रिकेट की ‘वंडर वुमन’ और दिग्गज ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने मैदान पर वो कारनामा कर दिखाया है, जो आज तक भारत का कोई भी पुरुष या महिला क्रिकेटर नहीं कर सका। श्रीलंका के खिलाफ तिरुवनंतपुरम में खेले गए तीसरे टी20 इंटरनेशनल मैच में दीप्ति ने अपनी जादुई गेंदबाजी से न सिर्फ कंगारू दिग्गज एलिस पेरी को धूल चटाई, बल्कि रिकॉर्ड्स की एक ऐसी झड़ी लगा दी कि दुनिया दंग रह गई।
दीप्ति बनीं 150 विकेट लेने वाली पहली भारतीय
इस मैच में दीप्ति शर्मा ने एक ऐसा माइलस्टोन छुआ जो भारतीय क्रिकेट इतिहास के सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो गया है। वह टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट (पुरुष और महिला दोनों को मिलाकर) में 150 विकेट का आंकड़ा छूने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गई हैं। उनसे पहले भारत का कोई भी गेंदबाज, चाहे वो युजवेंद्र चहल हों या कोई और, इस जादुई आंकड़े तक नहीं पहुंच पाया था।
दीप्ति ने अब तक 131 मैचों में 151 विकेट झटक लिए हैं। इस मामले में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया की मेगन शुट्ट की बराबरी कर ली है और अब वे संयुक्त रूप से महिला टी20 इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाली गेंदबाज बन गई हैं।
एलिस पेरी को छोड़ा पीछे, अब झूलन के निशाने पर
सिर्फ टी20 ही नहीं, दीप्ति ने ओवरऑल इंटरनेशनल क्रिकेट में भी अपना दबदबा कायम किया है। श्रीलंका के खिलाफ 18 रन देकर 3 विकेट लेने वाले उनके स्पैल ने उनके अंतरराष्ट्रीय विकेटों की कुल संख्या को 333 तक पहुंचा दिया। इसके साथ ही उन्होंने ऑस्ट्रेलिया की महान क्रिकेटर एलिस पेरी (331 विकेट) को पीछे छोड़ दिया है।
अब दीप्ति दुनिया की तीसरी सबसे सफल महिला गेंदबाज बन गई हैं। अब उनके आगे सिर्फ इंग्लैंड की कैथरीन साइवर-ब्रंट (335 विकेट) और भारत की लेजेंड झूलन गोस्वामी (355 विकेट) मौजूद हैं। जिस फॉर्म में दीप्ति चल रही हैं, उसे देखकर लगता है कि वो दिन दूर नहीं जब वो दुनिया की नंबर-1 गेंदबाज बन जाएंगी।
अनोखा ‘डबल’ रिकॉर्ड: दुनिया की इकलौती खिलाड़ी
रिकॉर्ड्स का सिलसिला यहीं नहीं थमता! दीप्ति शर्मा क्रिकेट के इतिहास में ऐसी पहली खिलाड़ी (महिला या पुरुष) बन गई हैं, जिनके नाम टी20 इंटरनेशनल में 1000 से ज्यादा रन और 150 से ज्यादा विकेट दर्ज हैं। 131 मैचों में उनके नाम 1,100 रन और 151 विकेट हैं। यह ऑलराउंड प्रदर्शन उन्हें मौजूदा दौर की सबसे खतरनाक खिलाड़ियों में से एक बनाता है।
मैच का हाल: शेफाली वर्मा की तूफानी बल्लेबाजी
अगर मैच की बात करें तो भारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। श्रीलंकाई टीम भारतीय गेंदबाजों के आगे बेबस नजर आई और निर्धारित 20 ओवरों में 7 विकेट खोकर महज 112 रन ही बना सकी। इमेषा दुलानी (27) और हासिनी परेरा (25) ने कुछ संघर्ष जरूर किया, लेकिन रेणुका सिंह (4 विकेट) और दीप्ति शर्मा (3 विकेट) की जोड़ी ने उनकी कमर तोड़ दी।
जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया ने मानो मैच को जल्दी खत्म करने की कसम खाई थी। सलामी बल्लेबाज शेफाली वर्मा ने तूफानी अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए महज 42 गेंदों पर नाबाद 79 रन कूट डाले। शेफाली की इस पारी में चौकों और छक्कों की बरसात देखने को मिली। भारत ने केवल 13.2 ओवरों में 8 विकेट से जीत दर्ज कर ली। कप्तान हरमनप्रीत कौर 21 रन बनाकर नाबाद रहीं।
2025 में शेफाली का जलवा कायम
शेफाली वर्मा के लिए साल 2025 अब तक किसी सपने जैसा रहा है। उन्होंने इस साल 8 टी20 मैचों में 55.50 की औसत और 173 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से 333 रन बनाए हैं। यह उनका लगातार दूसरा अर्धशतक था।
दीप्ति शर्मा की इस ऐतिहासिक उपलब्धि और टीम इंडिया की शानदार जीत ने यह साफ कर दिया है कि भारतीय महिला क्रिकेट अब दुनिया पर राज करने के लिए तैयार है। दीप्ति का यह सफर करोड़ों युवा लड़कियों के लिए प्रेरणा है जो क्रिकेट के मैदान पर भारत का नाम रोशन करना चाहती हैं।
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